Paneer Butter Masala Recipe: मुझे आज भी याद है वो रविवार की दोपहर जब रसोई से मक्खन और भुने हुए मसालों की महक पूरे घर में फैल जाती थी। मेरी दादी माँ हमेशा कहती थीं कि पनीर बटर मसाला सिर्फ एक सब्जी नहीं, बल्कि एक एहसास है जिसे बहुत धैर्य और प्यार के साथ बनाया जाना चाहिए। मैंने कई बार बड़े-बड़े रेस्टोरेंट्स में इसे ऑर्डर किया, लेकिन वो ‘सोल’ (soul) हमेशा गायब था। सालों की कोशिशों, कई असफल प्रयासों और दादी के उन पुराने नुस्खों को मिलाकर मैंने यह रेसिपी तैयार की है जो अब मेरे घर की सबसे पसंदीदा डिश बन चुकी है।
समय विवरण
तैयारी का समय: 20 मिनट
पकाने का समय: 35 मिनट
आराम/सेटिंग का समय: 15 मिनट
कुल समय: 70 मिनट
कठिनाई स्तर: मध्यम
परोसने की मात्रा: 4-5 लोग
सामग्री
- 500 ग्राम ताज़ा नरम पनीर (2 इंच के क्यूब्स में कटा हुआ)
- 400 ग्राम पके हुए लाल टमाटर (मोटे कटे हुए)
- 200 ग्राम प्याज (बारीक कटा हुआ)
- 50 ग्राम बिना भुने हुए काजू (20 मिनट गर्म पानी में भिगोए हुए)
- 15 ग्राम तरबूज के बीज (Magaj seeds)
- 60 ग्राम बिना नमक वाला सफेद मक्खन (Unsalted Butter)
- 30 मिलीलीटर रिफाइंड तेल
- 2 बड़ी इलायची (हल्की कुटी हुई)
- 4 छोटी हरी इलायची
- 1 इंच दालचीनी का टुकड़ा
- 3-4 लौंग
- 1 तेजपत्ता
- 20 ग्राम अदरक-लहसुन का पेस्ट (ताजा पिसा हुआ)
- 10 ग्राम कश्मीरी लाल मिर्च पाउडर (रंग के लिए)
- 5 ग्राम तीखा लाल मिर्च पाउडर
- 1/2 छोटा चम्मच हल्दी पाउडर
- 15 ग्राम धनिया पाउडर
- 1 चम्मच भुनी हुई कसूरी मेथी (हाथों से रगड़ी हुई)
- 100 मिलीलीटर ताजी गाढ़ी क्रीम (Heavy Cream)
- 10 ग्राम चीनी या शहद (मिठास को बैलेंस करने के लिए)
- 500 मिलीलीटर गुनगुना पानी (45°C)
- 2 बड़े चम्मच बारीक कटा हरा धनिया
- 15 ग्राम नमक (स्वादानुसार)
- 1/4 छोटा चम्मच जावित्री-जायफल पाउडर (दादी का सीक्रेट मसाला)
विधि
- सबसे पहले, पनीर के क्यूब्स को एक बड़े बाउल में रखें और उसमें 1/2 छोटा चम्मच नमक और थोड़ा सा गुनगुना पानी (40°C) डालें। इसे 15 मिनट के लिए छोड़ दें। यह स्टेप पनीर को स्पंजी और सॉफ्ट रखने के लिए सबसे महत्वपूर्ण है, जो मैंने अपनी मां से सीखा है।
- एक कड़ाही में 10 मिलीलीटर तेल गरम करें। इसमें कटे हुए टमाटर, भीगे हुए काजू, तरबूज के बीज, 2 हरी इलायची और आधा कप पानी डालें।
- कड़ाही को ढक दें और टमाटर के पूरी तरह गलने तक (लगभग 12-15 मिनट) मध्यम आंच पर पकाएं।
- जब मिश्रण ठंडा हो जाए, तो इसे मिक्सर में तब तक पीसें जब तक कि यह बिल्कुल स्मूद पेस्ट न बन जाए।
- अब एक महीन छलनी (Sieve) लें और इस पेस्ट को छान लें। रेस्टोरेंट जैसी मखमली ग्रेवी के लिए यह स्टेप अनिवार्य है। बचे हुए रेशों को हटा दें।
- एक भारी तले की कड़ाही या हांडी गरम करें। इसमें बचा हुआ तेल और 40 ग्राम मक्खन डालें। तेल मक्खन को जलने से बचाएगा।
- जब मक्खन पिघलने लगे, तो इसमें तेजपत्ता, दालचीनी, लौंग और बड़ी इलायची डालें। मसालों को 30 सेकंड तक भुनने दें जब तक खुशबू न आने लगे।
- अब बारीक कटा हुआ प्याज डालें। प्याज को मध्यम आंच पर 8-10 मिनट तक भूनें। इसे तब तक भूनना है जब तक यह हल्का सुनहरा (Golden Brown) न हो जाए। ध्यान रहे, प्याज जलना नहीं चाहिए वरना ग्रेवी कड़वी हो जाएगी।
- इसमें अदरक-लहसुन का पेस्ट डालें और 2 मिनट तक भूनें ताकि कच्चापन निकल जाए।
- आंच को बिल्कुल धीमा कर दें। अब इसमें हल्दी, कश्मीरी लाल मिर्च, तीखी मिर्च और धनिया पाउडर डालें। मसालों को जलने से बचाने के लिए 1 चम्मच पानी डाल दें।
- मसालों को 1-2 मिनट तक भूनें जब तक कि तेल किनारों से अलग न होने लगे।
- अब तैयार किया हुआ टमाटर-काजू का मखमली पेस्ट डालें। इसे अच्छी तरह मिलाएं और मध्यम आंच पर 5-7 मिनट तक पकाएं।
- जब ग्रेवी में उबाल आने लगे, तो इसमें बचा हुआ गुनगुना पानी डालें और ग्रेवी की कंसिस्टेंसी एडजस्ट करें।
- इसमें नमक और चीनी/शहद डालें। चीनी टमाटर के खट्टेपन को बैलेंस करती है, जो इस डिश की खासियत है।
- अब पानी से छानकर पनीर के टुकड़े ग्रेवी में डालें। पनीर डालने के बाद इसे बहुत जोर से न चलाएं, वरना टुकड़े टूट सकते हैं।
- धीमी आंच पर 5 मिनट तक ढंककर पकाएं ताकि पनीर मसालों को सोख ले।
- अब इसमें भुनी हुई कसूरी मेथी और जावित्री-जायफल का पाउडर छिड़कें। यह पाउडर मेरी दादी का वो सीक्रेट है जो इस डिश को ‘शाही’ बनाता है।
- अंत में, ताजी क्रीम डालें और धीरे से मिलाएं। क्रीम डालने के बाद इसे 1 मिनट से ज्यादा न पकाएं।
- गैस बंद करें और ऊपर से बचा हुआ मक्खन और हरा धनिया डालकर 5 मिनट के लिए ढक दें ताकि सारे फ्लेवर आपस में मिल जाएं।
प्रो टिप्स
- मैंने 15 बार इस रेसिपी को टेस्ट करने के बाद पाया कि पनीर को कभी भी सीधे ग्रेवी में न डालें। उसे नमक वाले गुनगुने पानी में भिगोना ही उसे मखमल जैसा नरम बनाता है।
- टमाटर का पेस्ट छानना (Straining) सबसे बोरिंग काम लग सकता है, लेकिन ‘मखनी’ ग्रेवी का असली राज यही है। इसे कभी स्किप न करें।
- हमेशा पके हुए गहरे लाल टमाटरों का उपयोग करें। अगर टमाटर खट्टे हैं, तो चीनी की मात्रा थोड़ी बढ़ा दें।
- मेरी दादी कहती थीं कि गरम मसाले की जगह अगर अंत में जरा सा जायफल घिस कर डाला जाए, तो खुशबू सातवें आसमान पर पहुंच जाती है।
- अगर आपके पास क्रीम नहीं है, तो आप घर की ताजी मलाई को मिक्सी में एक बार चलाकर इस्तेमाल कर सकते हैं, परिणाम लगभग एक जैसा ही मिलेगा।
- कसूरी मेथी को हमेशा तवे पर हल्का भूनकर और हाथों से क्रश करके डालें, इससे उसकी सुगंध दस गुना बढ़ जाती है।
सामान्य गलतियां
- ❌ पनीर को तेल में तलना: पनीर बटर मसाला के लिए पनीर को कभी तलना नहीं चाहिए, इससे वह रबर जैसा सख्त हो जाता है।
- ❌ ठंडे पानी का इस्तेमाल: ग्रेवी में हमेशा गुनगुने पानी का ही प्रयोग करें। ठंडा पानी डालने से कुकिंग प्रोसेस रुक जाता है और मसालों का स्वाद बदल जाता है।
- ❌ प्याज को मोटा काटना: प्याज को जितना हो सके बारीक काटें या पीस लें, ताकि वह ग्रेवी में अलग से न दिखे।
- ❌ क्रीम डालने के बाद तेज आंच पर उबालना: इससे क्रीम फट सकती है और ग्रेवी का रंग खराब हो सकता है।
वेरिएशन
- लो-कैलोरी वर्जन: मक्खन की जगह जैतून के तेल का उपयोग करें और काजू की जगह उबले हुए मगज के बीजों की मात्रा बढ़ा दें। क्रीम की जगह गाढ़े दही का इस्तेमाल किया जा सकता है।
- पनीर टिक्का बटर मसाला: अगर आपको स्मोकी फ्लेवर पसंद है, तो पनीर को पहले दही और मसालों में मैरीनेट करके ग्रिल करें और फिर इस ग्रेवी में डालें।
- वीगन विकल्प: पनीर की जगह टोफू (Tofu) और मक्खन की जगह वीगन बटर या नारियल तेल का उपयोग करें। क्रीम की जगह नारियल की मलाई (Coconut Cream) डालें।
परोसने के सुझाव
इस शाही पनीर बटर मसाला को गरमागरम ‘बटर गार्लिक नान’ या ‘मिस्सी रोटी’ के साथ परोसें। इसके साथ सिरके वाले प्याज (Vinegar Onions) और पुदीने की चटनी एक बेहतरीन कॉम्बिनेशन बनाती है। अगर आप चावल के शौकीन हैं, तो जीरा राइस के साथ भी इसका स्वाद लाजवाब आता है।
स्टोरेज निर्देश
इस सब्जी को आप एयरटाइट कांच के बर्तन में रखकर फ्रिज में 2 दिनों तक सुरक्षित रख सकते हैं। दोबारा गरम करते समय थोड़ा सा गुनगुना दूध या पानी मिलाएं क्योंकि फ्रिज में रखने के बाद काजू की वजह से ग्रेवी काफी गाढ़ी हो जाती है। इसे फ्रीज करने की सलाह मैं नहीं दूँगा क्योंकि पनीर का टेक्सचर खराब हो सकता है।
शेफ के नोट्स
यह रेसिपी मेरे दिल के बहुत करीब है। इसकी खासियत इसका ‘बैलेंस’ है—न तो यह बहुत तीखी है और न ही बहुत ज्यादा मीठी। दादी कहती थीं कि असली खाना वही है जो पेट भरने के बाद भी मन को तृप्त कर दे। इस डिश में मसालों को भूनने का समय बहुत मायने रखता है, इसलिए जल्दबाजी न करें। धीमी आंच पर मसालों का अपना तेल छोड़ना ही इस रेसिपी की सफलता की असली पहचान है।
आपकी राय
क्या आपने कभी दादी माँ के सीक्रेट मसाले के साथ पनीर बनाया है? इस रेसिपी को ट्राई करें और मुझे कमेंट्स में बताएं कि आपकी डिश कैसी बनी! अगर आपको यह रेसिपी पसंद आई हो, तो इसे 5-स्टार रेटिंग देना न भूलें।












